Wednesday, April 1, 2020

कोरोना पर कुछ सवाल और उनके जवाब


ये सवाल आज के समय में हर किसी के दिल में चल रहे है इससे डरिए नहीं आइए इसे समझिए

कोरोना का कहर तो दुनिया में चोरों तरफ हैं। इससे दुनिया का कोई देश अछुता नहीं रहा है। तो कोरोना को लेकर जनता में मन में कई ऐसे सवाल है जो एक से है। तो आज हम बात करने जा रहे है कुछ ऐसे ही सवालों के जवाबों की-
1. क्या है कोरोना वायरस ?
कोरोना वायरस एक वायरसों का एक पूरा परिवार है जो इंसानों और जानवरों में गंभीर बीमारी की वजह बन सकता है। बता दें कि इंसानों में यह वायरस सांस लेने में परेशानी जैसी संबंधित तमाम संक्रमण पैदा कर देता है। जिससे मिडिल ईस्ट रेस्पेरटरी सिंड्रोम (MERS) और सीवियर एक्यूट रेस्पिरेट्री सिंड्रोम (SARS) जैसी खतरनाक बीमारियां हो जाती हैं। 
2. कैसे फैलता है कोरोना वायरस (किन-किन कारणों से)
यह वायरस एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैलता है। यदि कोई व्यक्ति वायरस से संक्रमित है और कोई अन्य स्वस्थ व्यक्ति इसकी चपेट में आता है तो वो व्यक्ति भी इसका शिकर हो जाता है। जब कोरोना से पीड़ित शख्स खांसता है या सांस लेता है तो नाक या मुंह से कुछ छींटे दूसरे इंसान के शरीर में भी प्रवेश कर जाते है और वो स्वस्थ व्यक्ति संक्रमण का शिकार हो जाता है। इसके अलावा कोई भी वस्तु या सतह को छूकर हाथों को अपने मुंह, नाक या आंखों के पास ले जाने से भी आप कोरोना वायरस का खतरा बढ़ जाता है। इसीलिए कोरोना वायरस से पीड़ित लोगों से करीब 3 फीट या 1 मीटर की दूरी बनाए रखना जरूरी है। 

3. क्या कोरोना हवा के जरिए फैलता है ?
कई लोग ये सवाल भी करते है कि क्या कोरोना वायरस हवा के जरिए भी फैलता है तो आपको बता दें कि अभी तक हुई स्टडीज से ऐसा कुछ पता नहीं चला है। कोविड-19 मुख्यत: सांस या छींकने वक्त निकले छींटों के संपर्क में आने से फैलता है ना कि हवा से।

4. पीड़ित व्यक्ति के मल से भी हो सकता है संक्रमण ?
कोरोना वायरस से पीड़ित व्यक्ति के मल-मूत्र से उस स्वस्थ व्यक्ति के संक्रमित होने का खतरा काफी कम है। इस बात को लेकर कुछ स्टड़ी में बताया गया है कि कुछ मामलों में पीड़ित व्यक्ति के मल में कोरोना वायरस मौजूद होता है। लेकिन इसे महामारी की वजह नहीं कह सकते है। बाथरूम के इस्तेमाल के बाद या खाने से पहले अच्छी तरह से हाथ धो के इस सक्रमण से बचा जा सकता है। 

5. कोरोना से बचने के लिए मास्क कितना फायदेमंद ?
इस बात को लेकर विश्व स्वास्थ्य संगठन  WHO के मुताबिक, अगर किसी भी व्यक्ति में कोरोना वायरस के लक्षण नजर आते है या आप बीमार हैं तो ही मास्क पहनें। इसके अलावा अगर आप किसी ऐसे व्यक्ति का ध्यान रख रहे है देखभाल कर रहे हैं जो कोरोना वायरस से संक्रमित है तो भी आप मास्क पहनिए। लेकिन अगर आप बीमार नहीं है या किसी संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में नहीं है तो आपको मास्क पहनने की जरूरत नहीं है।

6. किन लोगों को होता है कोरोना का सबसे ज्यादा खतरा ?
इस बात को लेकर अभी तक जितनी स्टडी हुई है उसमें पता चला है कि कोरोना वायरस सबसे ज्यादा अपना शिकार बुजुर्गों और पहले से बीमार (हाई ब्लड प्रेशर, हार्ट डिसीज, लंग डिसीज, कैंसर या डायबिटीज) आदि बीमारी वाले लोगों को अपना ज्यादा शिकार बनता हैं। 

7. क्या पालतू जानवर से भी फैलता है कोरोना वायरस ?
बता दें कि अभी अभी तक हॉन्ग कॉन्ग में एक कुत्ते के कोरोना वायरस से संक्रमित होने का मामला सामने आया है लेकिन अभी इसका कोई सबूत नहीं है कि किसी कुत्ते, बिल्ली या पेट से कोरोना का संक्रमण फैल सकता है।

8. क्या नॉनवेज खाने से फैल सकते है कोरोना वायरस ?
कोरोना वायरस ह्यूमन वायरस है। यह एक से दूसरे व्यक्ति के संपर्क में आने से फैलता हैं। दुनिया भर के हेल्थ एक्सपर्ट्स का कहना है कि नॉनवेज और अंडा खाने से ये वायरस नहीं फैलता। साथ ही नॉनवेज और कोरोना वायरस का कोई लेना-देना नहीं है। अगर आपको नॉनवेज खाना है तो उस अच्छे से पकाकर खा सकते हैं. खान-पान में भी हाइजीन का ध्यान रखने की जरूरत है।

कोरोना दूसरे विश्व युद्ध के बाद सबसे बड़ा संकट- UN प्रमुख


कोरोना महामारी को लेकर संयुक्त राष्ट्रीय सचिव एंटोनियो गुटेरस ने दुनिया को चेताया। उन्होंने इसे द्वितीय विश्वयुद्ध के बाद सबसे बड़ा संकट बताया है।

संयुक्त राष्ट्र प्रमुख एंटोनियो गुटेरस ने कोरोना को द्वितीय विश्वयुद्ध के बाद अब तक का सबसे बड़ा वैश्विक संकट बताया है। 

गुटेरस ने कहा, "संकट इसलिए भी बड़ा है क्योंकि ये बीमारी दुनिया में हर किसी के लिए खतरा है और.. इसका अर्थव्यवस्था पर ऐसा असर होगा कि पिछले कुछ सालों की सबसे बड़ी मंदी सामने आएगी. दुनिया में अस्थिरता, अशांति और टकराव बढ़ेंगे. इन सबको देखकर हमें यकीन हो जाता है कि यह दूसरे विश्व युद्ध के बाद का सबसे चुनौतीपूर्ण संकट है"।

कोरोना से निपटने के लिए बंद करना होगा राजनीतिक खेल

1945 में दूसरे विश्व युद्ध के खत्म होने के खत्म होने होने के बाद राष्ट्र की स्थापना हुई थी इसके 193 सदस्य देश हैं। गुटेरस ने कहा, "इस संकट का मजबूत और असरदार हल तभी संभव है जब हर कोई साथ आए. इसके लिए हमें राजनीतिक खेल बंद करने होंगे और समझना होगा कि मानव प्रजाति दांव पर लगी हुई है"।

गुटेरस ने कहा कोरोना महामारी ने दुनिया भर में कई लोगों को मौत की नींद सुला दिया है। इससे भयंकर आर्थिक तबाही हो रही है। उद्योग धंधे खत्म हो रहे हैं हो रहे हैं। इस स्थिति को देखकर गुटेरस ने कहा की कई विकासशील देशों की बीमारी से लड़ाई में मदद के लिए हम अभी तक एक वैश्विक पैकेज का ऐलान नहीं कर सके हैं।

यूएन प्रमुख ने कहा, "हम धीरे-धीरे सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं लेकिन हमें अपनी रफ्तार तेज करनी होगी और अगर हम वायरस को हराना चाहते हैं तो हमें और भी बहुत कुछ करना होगा"।

बता दें, मंगलवार को यूएन ने विकासशील देशों की मदद के लिए एक नए फंड की घोषणा की। पिछले हफ़्ते उन्होंने वैश्विक समुदाय से गरीबों और संघर्ष से प्रभावित देशों के लिए दान की अपील की थी। गुटेरस ने कहा, "अमीर देशों से पारंपरिक मदद के अलावा हमें अतिरिक्त आर्थिक मदद की भी जरूरत है ताकि विकासशील देश इस संकट का सामना कर सकें"।
 
वापस लौट सकत है कोरोना वायरस

गुटेरस ने कहा, "कोरोना वायरस गरीब देशों खासकर अफ्रीका से अमीर देशों में वापस लौट सकती है और लाखों लोगों की जानें जा सकती हैं।

वर्ल्ड बैंक ने अपनी रिपोर्ट में कोरोना वायरस को लेकर चेतावनी जारी करते हुए कहा इस महामारी से एशिया में गरीबी बढ़ सकती है। इससे गरीब और गरीब होंगे। यहां तक कि अमीर देशों को भी कई संकटों का सामना करना होगा। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि समा मारी के कारण चीन की अर्थव्यवस्था रुक जाएगी।

विश्व बैंक ने अपनी रिपोर्ट में कहा है, "अगर महामारी बहुत ही भयावह स्थिति में पहुंच गई तो इस साल चीन की आर्थिक वृद्धि दर 0.1% पर पहुंच सकती है. चीन की तरह आसपास के देशों की अर्थव्यवस्था की हालत खराब होगी. इससे पूरे इलाके में गरीबी बढ़ेगी और लोगों के पास कमाई के साधन न के बराबर बचेंगे. वर्ल्ड बैंक ने ये भी कहा है कि कोरोना वायरस की महामारी से अर्थव्यवस्था को जो नुकसान होगा.